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CCA Sugar

आयात-निर्यात

 

निर्यात

यद्यपि देश ने 80 और 90 के दशकों के दौरान मित्र देशों को मानवीय सहायता के रूप में केंद्रीय पूल से कुछ मात्रा का निर्यात किया था, लेकिन वाणिज्यिक प्रयोजनों के लिए सही अर्थों में 2000-01 में निर्यात शुरू हुआ। इन प्रयासों के अच्छे परिणाम निकले और 50 से अधिक देशों को 342.64 लाख टन से अधिक गेहूं तथा चावल का निर्यात किया गया है। भारतीय खाद्यान्नों के प्रमुख आयातकर्ता देशों में अन्य के साथ-साथ बंगलादेश, इराक, इण्डोनेशिया, वियतनाम, यमन, नाइजीरिया, यू0ए0ई0, पोलेण्ड, मलेशिया, सेनेगल, साउदी अरब और सूडान शामिल रहे हैं।

 

हमारा देश मित्र राष्ट्रों को मानवीय सहायता के लिए खाद्यान्नों का महत्वपूर्ण आपूर्तिकर्ता देश होने के रूप में भी उभरा है और पिछले 3 वर्षों में इस प्रयोजन के लिए लगभग 30,578 टन गेहूं और 54,460 टन चावल का निर्यात किया गया है। इसके अलावा, विश्व खाद्य कार्यक्रम के अधीन अफगानिस्तान के लिए 10 लाख टन गेहूं अनुमोदित किया गया है, जिससे बिस्कुट बनाए जाने हैं और उक्त देश को आपूर्ति किए जाने हैं। इस प्रयोजनार्थ अब तक 2,53,068.8 टन गेहूं की आपूर्ति की गई है।

 

फिलहाल, केंद्रीय पूल के स्टाक से निर्यात के प्रयोजन के लिए खाद्यान्न रिलीज नहीं किए जा रहे हैं।

 

राज्य व्यापार निगम के जरिए गेहूं का आयात

 

विशेष रूप से देश के दक्षिणी भागों में गेहूं के बढ़ते हुए मूल्यों को नियंत्रित करने के लिए मंत्रिमंडल सचिवालय ने अपने दिनांक 6.2.06 और 8.2.06 के पत्र द्वारा दक्षिणी पत्तनों पर 5 लाख टन गेहूं का आयात करने की मंजूरी दी थी। यह संविदा ए0डब्ल्यू0बी0, जिनेवा को दी गई थी, जिसके लिए विभाग ने 28.2.06 को अपनी स्वीकृति दी थी। अप्रैल से मई, 2006 माह के दौरान चेन्नै और तूतीकोरिन पत्तनों पर गेहूं के 92,000 टन (लगभग) के 2 प्रेषण प्राप्त हुए थे। आस्ट्रेलियाई संगरोध प्राधिकारियों द्वारा गुणवत्ता विनिर्दिष्टियों  में समस्याओं का पता लगाने पर आगे की खेप रोक ली गई थी। यह मुद्दा कृषि मंत्रालय तथा आस्ट्रेलिया उच्च आयोग आदि के साथ परामर्श करते हुए हल कर लिया गया है।

 

केंद्रीय पूल में बफर स्टाक में कमी को पूरा करने के लिए मंत्रिमंडल की आर्थिक कार्य समिति ने 27.4.06 को हुई अपनी बैठक में राज्य व्यापार निगम के जरिए 30 लाख टन गेहूं का और आयात करने की मंजूरी दी थी। राज्य व्यापार निगम वैश्विक निविदाओं के अधीन केवल 8 लाख टन गेहूं की आपूर्ति करने का ही ठेका कर सका था, क्योंकि आपूर्तिकर्ता गुणवत्ता संबंधी कड़ी विनिर्दिष्टियों को पूरा नहीं कर रहे थे। मैसर्स ए0डब्ल्यू0बी0, जिनेवा को 187 प्रति टन यू0एस0 डालर सी0एण्ड एफ0 (एफ0ओ0) पर 5 लाख टन का ठेका दिया गया था और 198.20 प्रति टन यू0एस0 डालर सी0एण्ड एफ0 (एफ0ओ0) पर पूर्वी तट पर 3 लाख टन के लिए मैसर्स एग्रीको, स्विटजरलैण्ड को एक और ठेका दिया गया था, जिसके लिए इस विभाग ने 2 जून, 2006 को अपनी सहमति दी थी। सम्पूर्ण मात्रा के लिए भारित औसत 191.38 यू0एस0 डालर प्रति टन बैठता है। इन आपूर्तियों के जुलाई और सितम्बर, 06 के बीच पहुंचने की आशा है।

 

चूंकि गुणवत्ता संबंधी कड़ी विनिर्दिष्टियों के कारण दूसरे दौर की निविदा में 30 लाख टन की सम्पूर्ण मात्रा का ठेका नहीं किया जा सका, इसलिए मंत्रिमंडल ने इस विभाग के एक प्रस्ताव पर विचार किया और 2 तथा 16 जून, 06 को हुई अपनी बैठकों में गुणवत्ता और पादप स्वच्छता संबंधी विनिर्दिष्टियों में रियायत दे दी। राज्य व्यापार निगम द्वारा नई निविदाएं आमंत्रित की गईं और जुलाई, 06 से जनवरी, 07 के बीच 22 लाख टन गेहूं की आपूर्ति करने के लिए 5 आपूर्तिकर्ताओं से संविदाएं की गईं। 190 प्रति टन यू0एस0 डालर सी0एण्ड एफ0 (एफ0ओ0) की रेंज के मूल्यों पर संविदाओं को अंतिम रूप दिया गया जिसके लिए इस विभाग ने 28.6.06 को अपनी सहमति दी। सम्पूर्ण मात्रा के लिए भारित औसत 197.81 यू0एस0 डालर प्रति टन बैठता है।

 

लगातार बढ़ रहे गेहूं के मूल्यों को स्थिर रखने के लिए सरकार ने 31.12.2006 तक गेहूं के आयात को 5 प्रतिशत के रियायती आयात शुल्क पर खुले सामान्य लाइसेंस के अधीन लाने की मंजूरी दी है। गेहूं के लिए गुणवत्ता मानक वही रहेंगे जो सार्वजनिक क्षेत्र द्वारा गेहूं का आयात किए जाने की विनिर्दिष्टियों के लिए लागू होंगे।  कृषि मंत्रालय और स्वास्थ्य मंत्रालय को इस संबंध में आवश्यक आदेश जारी कर दिए गए हैं।

 

आज की तारीख तक 13.12 लाख टन गेहूं का आयात हो चुका है।

 

मंत्रियों के शक्ति प्राप्त समूह ने अलग-अलग मात्रा में राज्य व्यापार निगम के जरिए 20 लाख टन गेहूं के अतिरिक्त आयात का अनुमोदन किया है। राज्य व्यापार निगम द्वारा 27.7.06 को 4 लाख टन के लिए पहले दौर की निविदा आमंत्रित की गई और इन्हें 8.8.06 को अंतिम रूप दिया गया। सरकार ने 3.3 लाख टन की स्वीकृति हेतु 10.8.06 को ही अनुमोदन भेजा है।

 

राज्य व्यापार निगम को शेष 16.7 लाख टन की निविदा के लिए दूसरे दौर की निविदा हेतु 29.8.06 को अधिकृत किया गया है, जिसके लिए 30.8.06 को राज्य व्यापार निगम द्वारा निविदाएं आमंत्रित की गईं और बाद में इन्हें अंतिम रूप दिया गया।

 

उपर्युक्त के संबंध में सूचना, यदि अपेक्षित हो, के लिए निम्नलिखित अधिकारियों से सम्पर्क किया जाए।

 

क्रम संख्या   नाम और पदनाम  पता  टेलीफोन नं0

1.  श्री करनैल सिंह संयुक्त सचिव, कृषि भवन, कमरा नं0-175, फैक्स 23389358

 

2.  श्री राजीव रंजन, निदेशक, कृषि भवन, कमरा नं0-275, फैक्स 23388161